लम्स

एक लड़की थी जो मुझे हर जगह छू ने देती थी। बेतहाशा खूबसूरत! वो औरत जो साड़ी पहनें, बिंदी लगाए,… Read more लम्स

हाँ जानता हूँ, आम से है बिल्कुल ये सारे । ना एहमियत ना कोई वजूद रह गया है इनका ।… Read more

मैं हर सेहेर वही होता हूँ । झील के किनारे धूप से परेशान उस बेंच को कुछ देर अपने जिस्म… Read more